China Missile Test Indian Border: चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने कराकोरम पठार में एक क्रूज मिसाइल को मार गिराने का टेस्ट किया है. कहा जा रहा है कि चीन ने भारत की ब्रह्मोस मिसाइल को लक्ष्य करके यह टेस्ट किया है. चीन ने यह परीक्षण ठीक उसी दिन हुआ जब भारत के साथ उसकी बातचीत हुई है.
भारतीय सेना को संदेश देने की कोशिश
चीन की सेना ने भारतीय LAC के पास एक मिसाइल को हवा में ही मार गिराने का टेस्ट किया है.चीनी विश्लेषकों का कहना है कि पीएलए ने भारतीय सेना को संदेश देने के लिए इस मिसाइल का टेस्ट किया है. चीन ने यह मिसाइल टेस्ट ठीक उसी दिन किया जब दोनों ही पक्षों ने बीजिंग में सीमा विवाद को लेकर बातचीत की थी. रूस के कजान में ब्रिक्स सम्मेलन होने जा रहा है और उससे पहले भारत और चीन के बीच बातचीत का दौर काफी बढ़ गया है. दावा किया जा रहा है कि अगर भारत और चीन के बीच रिश्तों में नरमी आती है तो पीएम मोदी और शी जिनपिंग के बीच मुलाकात भी हो सकती है. हालांकि पीएलए के मिसाइल टेस्ट से तनाव बढ़ सकता है.
चीन की बातचीत में दबाव बनाने की कोशिश
चीनी अखबर शिन्हुआ के मुताबिक चीनी सेना का यह सफल टेस्ट दिखाता है कि उसकी इंटरसेप्टर मिसाइल खराब परिस्थितियों में भी स्थिर और प्रभावी है. विश्लेषकों के मुताबिक, जिस जगह पर चीन ने यह परीक्षण किया है, वह भारतीय एलएसी के पास है, ऐसे में यह चीन के प्रतिरोधक रणनीति का हिस्सा है.
चीन के निशाने पर ब्रह्मोस मिसाइल !
China Missile Test यह दिखाने की कोशिश है कि चीन के पास भारत की मिसाइल को मार गिराने की क्षमता है. चीन का यह मिसाइल टेस्ट ‘ताकत की गारंटी’ के रूप में देखा जा सकता है ताकि बातचीत में चीनी वार्ताकारों को सपोर्ट किया जा सके. इस टेस्ट का लक्ष्य यह दिखाना था कि चीन सभी तरह की मिसाइलों फिर चाहे वह सबसोनिक हों या फिर हाइपरसोनिक, उन्हें मार गिरा सकता है. बता दें कि भारत ने बड़ी तादाद में ब्रह्मोस क्रूज मिसाइल को चीन की सीमा पर तैनात किया है. चीन ने अब इस टेस्ट से दिखाने की कोशिश की है कि वह ब्रह्मोस को मार गिराने में सक्षम है. विलश्लेषकों का कहना है कि यह टेस्ट चीन की दबाव को बढ़ाने की कोशिश है.
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